नारायणपुर की अबूझमाड़िया जनजाति में प्रजनन व्यवहार का सैद्धांतिक विश्लेषण: एक समग्र अध्ययन।
Keywords:
प्रजनन व्यवहार, अबूझमाड़िया, जनजाति, सांस्कृतिक पारिस्थितिकी, जनसांख्यिकी, स्वास्थ्यAbstract
नारायणपुर जिले के दुर्गम एवं वनीय क्षेत्र में निवास करने वाली अबूझमाड़िया जनजाति भारत के विशेष रूप से कमजोर जनजातीय समूहों में सम्मिलित है,जिनकी सामाजिक-सांस्कृतिक संरचना, पारंपरिक जीवनशैली तथा भौगोलिक पृथकता उन्हें मानवशास्त्रीय एवं जनसांख्यिकीय अध्ययन के लिए अत्यंत महत्वपूर्ण बनाती है। प्रस्तुत सैद्धांतिक शोध-पत्र का उद्देश्य अबूझमाड़िया जनजाति में प्रजनन व्यवहार की जटिलताओं का बहुआयामी विश्लेषण करना है। यह अध्ययन सांस्कृतिक पारिस्थितिकी, सामाजिक संगठन एवं जनसांख्यिकीय संक्रमण सिद्धांतों के आलोक में प्रजनन प्रवृत्तियों, विवाह प्रणाली, लैंगिक भूमिकाओं तथा स्वास्थ्य व्यवहारों की व्याख्या करता है। अध्ययन से यह स्पष्ट होता है कि इस जनजाति में प्रजनन व्यवहार आधुनिक परिवार नियोजन अवधारणाओं की अपेक्षा पारंपरिक मान्यताओं, आर्थिक आवश्यकताओं तथा पर्यावरणीय परिस्थितियों से अधिक प्रभावित है। उच्च प्रजनन दर, अल्प आयु में विवाह, प्राकृतिक प्रजनन पद्धतियाँ तथा पारंपरिक चिकित्सा प्रणाली पर निर्भरता इसकी प्रमुख विशेषताएँ हैं। साथ ही, राज्य द्वारा संचालित स्वास्थ्य एवं शैक्षिक हस्तक्षेपों के कारण धीरे-धीरे परिवर्तन के संकेत भी परिलक्षित हो रहे हैं।
References
बोस, एन. के. (2017). ट्राइबल लाइफ इन इंडिया। नई दिल्ली: नेशनल बुक ट्रस्ट।
एल्विन, वी. (2008). द मुरिया एंड देयर घोटुल। नई दिल्ली: ऑक्सफोर्ड यूनिवर्सिटी प्रेस।
क्षत्रिय, जी. के. (2015). जनजातीय समुदायों में पारंपरिक स्वास्थ्य प्रथाएँ। इंडियन जर्नल ऑफ मेडिकल रिसर्च, 141(3), 267–275।
नाग, एम. (2019). भारत में जनजातीय समाज और प्रजनन व्यवहार। इकोनॉमिक एंड पॉलिटिकल वीकली, 54(12), 45–52।
शर्मा, ए. एन. (2018). जनसांख्यिकी एवं जनसंख्या अध्ययन। नई दिल्ली: टाटा मैकग्रा हिल।
सिंह, के. एस. (2016). पीपल ऑफ इंडिया: ट्राइबल कम्युनिटीज। कोलकाता: एंथ्रोपोलॉजिकल सर्वे ऑफ इंडिया।
स्वास्थ्य एवं परिवार कल्याण मंत्रालय. (2020). राष्ट्रीय परिवार स्वास्थ्य सर्वेक्षण (NFHS-5)। भारत सरकार।
झा, पी. (2014). भारत में जनजाति एवं विकास। सोशियोलॉजिकल बुलेटिन, 63(2), 201–218।
दुबे, एस. सी. (2012). भारतीय जनजातियाँ। नई दिल्ली: नेशनल बुक ट्रस्ट।
मजूमदार, डी. एन. (2010). रेसेज़ एंड कल्चर ऑफ इंडिया। नई दिल्ली: एशिया पब्लिशिंग हाउस।
चौधरी, एस. (2016). जनजातीय समाज में सामाजिक संरचना एवं परिवर्तन। भारतीय समाजशास्त्र समीक्षा, 22(1), 55–70।
वर्मा, आर. (2018). जनजातीय स्वास्थ्य एवं पोषण की स्थिति। भारतीय जनस्वास्थ्य पत्रिका, 12(2), 88–102।
गुप्ता, पी. (2017). जनजातीय क्षेत्रों में परिवार नियोजन की चुनौतियाँ। सामाजिक विज्ञान शोध पत्रिका, 9(3), 120–135।
पाटिल, एस. (2019). जनजातीय महिलाओं का स्वास्थ्य एवं प्रजनन व्यवहार। इंटरनेशनल जर्नल ऑफ सोशल साइंस, 7(4), 200–210।
राव, एम. (2015). भारत में जनजातीय विकास नीतियाँ। नई दिल्ली: रावत पब्लिकेशन।
तिवारी, ए. (2020). जनजातीय समाज में शिक्षा का प्रभाव। शिक्षा एवं समाज, 14(1), 33–47।
कुमार, ए. (2016). जनजातीय अर्थव्यवस्था एवं श्रम संरचना। आर्थिक अध्ययन पत्रिका, 10(2), 75–90।
सक्सेना, डी. (2018). ग्रामीण एवं जनजातीय स्वास्थ्य सेवाएँ। नई दिल्ली: ओरिएंट ब्लैकस्वान।
मिश्रा, एल. (2017). जनजातीय संस्कृति एवं सामाजिक परिवर्तन। भारतीय मानवशास्त्र जर्नल, 5(2), 140–155।
चंद्र, के. (2019). जनसांख्यिकीय संक्रमण एवं जनसंख्या अध्ययन। नई दिल्ली: अकादमिक पब्लिशर्स।
Downloads
How to Cite
Issue
Section
License
Copyright (c) 2020 International Journal of Engineering Science & Humanities

This work is licensed under a Creative Commons Attribution 4.0 International License.


